छत्तीसगढ़ : अतिथि नीति-2024 में संशोधन की मांग को लेकर अतिथि व्याख्याताओं का विरोध प्रदर्शन तेज हो गया है। बड़ी संख्या में अतिथि व्याख्याता रायपुर स्थित उच्च शिक्षा मंत्री टंकराम वर्मा के सरकारी निवास पहुंचे, जहां अपनी मांगों को लेकर उन्होंने प्रदर्शन किया। मुलाकात नहीं होने से नाराज व्याख्याता अब मंत्री आवास परिसर में धरने पर बैठ गए हैं।
बिना मांग सुने लौटे मंत्री, व्याख्याताओं में नाराजगी
प्रदर्शन कर रहे अतिथि व्याख्याताओं का आरोप है कि वे अपनी समस्याएं बताने मंत्री टंकराम वर्मा से मिलने पहुंचे थे, लेकिन मंत्री उनकी बात सुने बिना ही वहां से चले गए। इससे व्याख्याताओं में भारी नाराजगी है। उनका कहना है कि प्रदेशभर से प्रतिनिधि अपनी मांगों को लेकर पहुंचे थे, लेकिन उन्हें नजरअंदाज किया गया।
अतिथि नीति-2024 में संशोधन की मांग
प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांग है कि अतिथि नीति-2024 में मौजूद त्रुटियों को दूर करते हुए उसमें संशोधन किया जाए। उनका कहना है कि मौजूदा नीति में कई ऐसे प्रावधान हैं, जिनसे अतिथि व्याख्याताओं के हित प्रभावित हो रहे हैं।
ये हैं प्रमुख मांगें
अतिथि व्याख्याताओं ने सरकार के सामने कई मांगें रखी हैं, जिनमें शामिल हैं:
- 12 माह का नियमित कार्यकाल
- मासिक मानदेय की व्यवस्था
- सेवा सुरक्षा सुनिश्चित करना
- अतिथि नीति-2024 में आवश्यक संशोधन
ज्वाइनिंग नहीं करने की चेतावनी
अतिथि व्याख्याताओं ने साफ कहा है कि जब तक सरकार उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेकर नीति में सुधार नहीं करती, तब तक वे ज्वाइनिंग नहीं करेंगे। उनका कहना है कि आंदोलन आगे भी जारी रहेगा।
मंत्री आवास पर जारी धरना
मंत्री के रवैये से नाराज अतिथि व्याख्याता उनके आवास परिसर में धरने पर बैठ गए हैं। प्रदर्शन के दौरान उन्होंने नारेबाजी भी की और सरकार से जल्द समाधान निकालने की मांग दोहराई। उनका कहना है कि मांगें पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा।



















