पुलिस ट्रांसफर विवाद पर हाईकोर्ट की बड़ी दखल, सरकार के आदेश पर लगाई अंतरिम रोक

 बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में पुलिस अधिकारियों की पदस्थापना को लेकर जारी आदेश अब कानूनी जांच के दायरे में पहुंच गया है। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने पुलिस अधिकारियों के तबादले और प्रभार संबंधी आदेश के अमल पर फिलहाल रोक लगा दी है। अदालत ने इस मामले में राज्य सरकार सहित संबंधित पक्षों को नोटिस जारी कर जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। मामले की अगली सुनवाई 23 सितंबर को निर्धारित की गई है।

महिला अधिकारी ने अदालत का खटखटाया दरवाजा

यह मामला एडिशनल एसपी ऋचा मिश्रा की ओर से दायर याचिका के बाद सामने आया। उन्होंने आरोप लगाया कि विभाग में वरिष्ठता सूची की अनदेखी करते हुए उनसे कनिष्ठ अधिकारियों को एसपी और कमांडेंट जैसे महत्वपूर्ण पदों का प्रभार सौंप दिया गया। जबकि उन्हें अपेक्षाकृत निम्न जिम्मेदारी वाले पद पर नियुक्त किया गया।

ग्रेडेशन सूची का हवाला देकर उठाए गंभीर सवाल

याचिका में कहा गया है कि विभागीय ग्रेडेशन सूची में ऋचा मिश्रा का स्थान 35वां है। इसके बावजूद उनसे जूनियर अधिकारियों को उच्च पदों की जिम्मेदारी दी गई। उनका दावा है कि वरिष्ठता के स्थापित सिद्धांतों का पालन नहीं किया गया और पदस्थापना प्रक्रिया में निर्धारित नियमों की अवहेलना हुई।

2014 के सरकारी निर्देश का भी किया गया उल्लेख

याचिकाकर्ता ने राज्य शासन द्वारा 14 जुलाई 2014 को जारी उस परिपत्र का भी हवाला दिया है, जिसमें स्पष्ट किया गया था कि किसी वरिष्ठ अधिकारी को दरकिनार कर कनिष्ठ अधिकारी को उच्च पद का प्रभार नहीं दिया जाएगा। उनका कहना है कि 20 जुलाई 2026 को जारी आदेश इस नीति के विपरीत है।

हाईकोर्ट ने दी अंतरिम राहत

जस्टिस बीडी गुरु की एकल पीठ ने प्रारंभिक सुनवाई के दौरान याचिका में उठाए गए बिंदुओं को गंभीर मानते हुए 20 जुलाई 2026 के ट्रांसफर और प्रभार संबंधी आदेश के क्रियान्वयन पर अंतरिम रोक लगा दी। साथ ही राज्य सरकार और अन्य संबंधित पक्षों को तीन सप्ताह के भीतर अपना जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है।

23 सितंबर को होगी अगली सुनवाई

अब इस पूरे मामले की अगली सुनवाई 23 सितंबर को होगी। तब तक संबंधित आदेश प्रभावी नहीं रहेगा। माना जा रहा है कि इस मामले का फैसला भविष्य में पुलिस विभाग में वरिष्ठता के आधार पर होने वाली पदस्थापनाओं और अतिरिक्त प्रभार की प्रक्रिया के लिए महत्वपूर्ण मिसाल साबित हो सकता है।

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