दुर्ग। छत्तीसगढ़ में नगरीय प्रशासन विभाग ने सभी नगर निगम और नगर पालिकाओं को कर वसूली में पारदर्शिता और तेजी लाने के स्पष्ट निर्देश दिए हैं। इसका उद्देश्य नगरीय निकायों की वित्तीय स्थिति मजबूत करना और शहरी विकास में उनकी भूमिका को सशक्त बनाना है।
लेकिन दुर्ग नगर निगम में इन निर्देशों की अनदेखी देखने को मिल रही है। निर्धारित समयसीमा के बावजूद, निगम कर्मचारी कर वसूली के लक्ष्य को पूरा करने में विफल रहे हैं। इस लापरवाही का नतीजा यह हुआ कि निगम आयुक्त ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 16 कर्मचारियों के वेतन पर रोक लगाने के आदेश जारी कर दिए हैं।
ये सभी कर्मचारी कर वसूली के कार्य में नियुक्त थे, लेकिन अपने-अपने क्षेत्रों में शत-प्रतिशत वसूली नहीं कर सके। आयुक्त का आदेश है कि जब तक ये कर्मचारी अपना टैक्स वसूली लक्ष्य पूरा नहीं करते, तब तक उनका वेतन रोका जाएगा।
इस कदम के बाद निगम के अन्य कर्मचारियों में खलबली मच गई है। अब सभी को यह स्पष्ट संकेत मिल गया है कि लापरवाही बरतने पर कड़ी कार्रवाई तय है।