बिलासपुर। बलौदाबाजार जिले के सरकारी स्कूल में छात्रों को कुत्तों का जूठा खाना परोसे जाने के मामले में मंगलवार को हाई कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया। चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस बीडी गुरु की खंडपीठ ने सुनवाई के बाद प्रभावित छात्रों को मुआवजा देने का आदेश दिया।
घटना की पृष्ठभूमि
मामला बलौदाबाजार के पलारी ब्लॉक स्थित लच्छनपुर मिडिल स्कूल का है। 28 जुलाई को रसोइयों द्वारा तैयार किया गया मध्यान्ह भोजन आवारा कुत्तों द्वारा जूठा कर दिया गया। इसके बावजूद रसोइया और प्रधानपाठक ने जानबूझकर यह भोजन छात्रों को परोस दिया और घटना को छुपाने का प्रयास किया। इस दौरान 84 बच्चों को भोजन के सेवन के बाद गुपचुप तरीके से एंटी रेबीज टीका लगवाना पड़ा।
दोषियों के खिलाफ कार्रवाई
कलेक्टर बलौदाबाजार-भाटापारा के प्रतिवेदन के आधार पर प्रभारी प्रधानपाठक नेतराम गिरि और शिक्षक एलबी वेदप्रकाश पटेल को प्रथम दृष्टया दोषी पाया गया। हाई कोर्ट ने मामले पर सुनवाई के दौरान शपथ पत्र पेश कर इन्हें निलंबित करने की कार्रवाई की जानकारी भी ली।