रायपुर। भारतमाला परियोजना से जुड़े एक गंभीर मामले में आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) ने रायपुर के तेलीबांधा स्थित दशमेश बिल्डर्स के कार्यालय पर छापेमारी की है। यह कार्रवाई मंगलवार को तब हुई जब EOW को संदिग्ध वित्तीय लेनदेन की सूचना मिली, जो इस परियोजना से जुड़ी बताई जा रही है।
जैसे ही टीम पहुंची, ऑफिस को सील कर दिया गया ताकि कोई दस्तावेज या डिजिटल रिकॉर्ड नष्ट न हो सके। छापे के दौरान अधिकारियों ने दस्तावेजों की बारीकी से जांच की और महत्वपूर्ण फाइलें व डिजिटल डेटा जब्त किया। सूत्रों के मुताबिक इनमें परियोजना से जुड़े वित्तीय लेनदेन के रिकॉर्ड शामिल हैं।
दशमेश बिल्डर्स भारतमाला योजना के तहत चल रही सड़क निर्माण परियोजनाओं में एक ठेकेदार के रूप में काम कर रहा है। हालांकि अधिकारियों ने अब तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि कार्रवाई सीधे इस योजना से जुड़ी है या नहीं। लेकिन प्रारंभिक जांच में जमीन अधिग्रहण और मुआवजा वितरण में अनियमितताओं की बात सामने आई है।
जानकारी के अनुसार, इस दफ्तर को सात दिन पहले ही सील किया गया था और अब अंदर मौजूद दस्तावेजों की फॉरेंसिक जांच की जा रही है। इस मामले में चार अधिकारियों की गिरफ्तारी भी हो चुकी है, जिन्हें जांच में आरोपी पाया गया है।