CG News: छत्तीसगढ़ में BJP के वरिष्ठ आदिवासी नेता नंदकुमार साय के आदिवासियों से 5 बच्चे पैदा करने की अपील की खूब चर्चा हो रही है. वहीं इतना ही नहीं उन्होंने जनगणना के दौरान धर्म कोड में आदिवासी ही लिखने की भी बात कही है. अब इस अपील पर CM विष्णु देव साय की प्रतिक्रिया भी सामने आई है.
नंद कुमार साय ने आदिवासियों से की 5 बच्चे पैदा करने की अपील
बीते दिनों रायपुर में आयोजित सर्व आदिवासी समाज की बैठक में नंदकुमार साय ने यह बातें कही. साय ने कहा कि भारत सरकार की ओर से एक नारा दिया गया था- हम दो, हमारे दो. इसका सर्वाधिक पालन आदिवासी समाज ने किया और इसका नुकसान भी आदिवासी समाज को हुआ. धीरे-धीरे आज आदिवासियों की आबादी देश में कम होती जा रही है. कम होती आबादी समाज के लिए चिंताजनक है. इसे रोकने के लिए अधिक से अधिक बच्चें पैदा करने की आवश्यकता है. आदिवासी परिवार को कम से कम 5 बच्चें पैदा करना होगा. आबादी अधिक रहेगी तो समाज बड़ा रहेगा. समाज रहेगा तो शक्तियां रहेंगी. आदिम संस्कृति-सभ्यता, रीति-रिवाज, रूढ़िवादी परंपराएं बची रहेंगी. नंदकुमार साय ने आगे कहा कि छत्तीसगढ़ में आदिवासियों का प्रतिशत 32 है और इसे किसी भी साजिश के तहत कम न किया जाए.
वे वरिष्ठ हैं, सोच-समझ कर बोले होंगे – CM साय
वहीं नंद कुमार साय के आदिवासियों से 5 बच्चे पैदा करने वाली अपील पर CM विष्णु साय का भी बयान सामने आया है. CM साय ने कहा कि उनका अपना विचार होगा, वे वरिष्ठ हैं. लेकिन जो बोले होंगे, सोच-समझ कर बोले होंगे.
बयान पर क्यों गरमाएगी राजनीति?
दरअसल, आदिवासी समाज की ओर से अलग धर्म कोड की मांग की जाती रही है और अब खुले तौर पर ललकार के साथ नंदकुमार साय ने इसका समर्थन कर दिया है. चूंकि नंदकुमार साय भाजपा के वरिष्ठ नेता और प्रथम नेता प्रतिपक्ष रहने के साथ अविभाजित मध्यप्रदेश में पार्टी के अध्यक्ष भी रह चुके हैं. वहीं भाजपा आदिवासी समाज को हिंदू समाज के साथ जोड़कर ही बताती रही है. दूसरी ओर कांग्रेस भी आदिवासी समाज के साथ है.



















